श्रीराम की जन्मभूमि पर नये उत्साह और संकल्प के साथ आये हैं: योगी आदित्यनाथ

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  • आज से जनपद का नाम अयोध्या से जाना जायेगा

  • बन रहे मेडिकल कालेज का नाम राजश्रि दशरथ व हवाई अड्डे का नाम प्रभु श्रीराम होगा

अयोध्या। मर्यादा पुरूषोत्तम श्रीराम की जन्मभूमि पर हम नये उत्साह और संकल्प के साथ आये हैं। दुनिया में दीप पर्व का मूल स्थल अयोध्या है। कोरिया गणराज्य की प्रथम महिला ने दीपोत्सव में शामिल होकर इसे प्रमाणित किया है। हम चाहते हैं कि आज से जनपद का नाम अयोध्या के नाम से जाना जाय। यह विचार अयोध्या तट पर आयोजित दीपोत्सव पर्व के विशाल मंच से सम्बोधित करते हुए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने व्यक्त किया।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कारण कोरिया के राष्ट्रपति मून जे इन व उनकी पत्नी किम जोंग-सूक 50 सदस्यीय दल जिसमें कोरिया का सांस्कृतिक दल भी शामिल है ने आकर अयोध्या के महत्व को बढ़ाया है। उन्होंने साबित किया है कि दक्षिण कोरिया गणराज्य से अयोध्या का 2000 साल पुराना सांस्कृतिक रिश्ता है जिसे हम नई ऊंचाई पर बढ़ा रहे हैं हम अतीत के साथ जुड़ रहे हैं अतीत से भटका मनुष्य त्रिसुंक होता है। अयोध्या आन-बान-सान की प्रतीत है अयोध्या की पहचान प्रभु राम से है हम दीपोत्सव का आयोजन कर पूरे विश्व को शांति का संदेश दे रहे हैं यही राम राज्य है।
उन्होंने कहा कि प्रभु राम की स्मृतियों को आपसे कोई छीन न पाये यह हमारा प्रयास है। चैदह वर्ष के वनवास के बाद प्रभु राम के अयोध्या आने की स्मृति जीवंत हुई है उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सरकार ने 36 करोड़ गरीबों का खाता खोल उन्हें सीधे योजनाओं का लाभ पहुंचाया। आठ करोड़ लोगों को निःशुल्क रसाई गैस उपलब्ध कराया। चार करोड़ लोगों को विद्युत कनेक्शन दिया। आठ करोड़ लोगों को आवास मिला। 12 करोड़ लोगों को शौंचालय मिले। पांच लाख लोगों को स्वास्थ्य बीमा देना ही राम राज्य है। भाजपा सरकार मर्यादा पुरूषोत्तम राम की परम्परा को आगे बढ़ा रही है हम जाति, पद, सम्प्रदाय और भाषा का भेद नहीं कर रहे हैं। कोरिया गणराज्य की प्रथम महिला ने दीपोत्सव में शामिल होकर इसे साबित किया है। उन्होंने कहा कि अयोध्या के विकास के लिए भाजपा सरकार ने जो कार्य किया है वह सर्व विदित है। उन्होंने कहा कि प्रभु राम ने जबरन किसी के राज्य का अधिग्रहण नहीं किया उन्होंने बाली और विभीषण को उनकी गद्दी सौंपी यही राम राज्य की परिकल्पना है। अयोध्या वासियों को गौरव होना चाहिए कि हमने पूरे विश्व को शांति का संदेश दे रहे हैं। हम अयोध्या की भावना व देश की भावना के साथ जुड़ना चाहते हैं हमारा विश्वास है कि हर व्यक्ति प्रभु राम के नाम पर एक दीप अवश्य जलाये। उन्होंने यह भी कहा कि आज के दिन हमने 174 करोड़ की परियोजनाओं की घोषणा व शिलान्यास किया है। कोरिण गणराज्य से अयोध्या के सम्बन्धों को नया आयाम मिला है। महारानी हो जो अयोध्या की राजकुमारी थीं ने 2000 वर्ष पूर्व कोरिया के युवराज से विवाह किया था अयोध्या को कोरिया के निवासी ननिहाल मानते हैं हमारा प्रेम सम्बन्ध में विश्वास है यही अवधारणा कोरिण गणराज्य की भी है। मुख्यमंत्री ने मंच से घोषणा किया है अयोध्या में बन रहे मेडिकल कालेज का नाम राजश्रि दशरथ और हवाई अड्डे का नाम प्रभु श्रीराम के नाम से करेंगे। इसके अलावां उन्होंने अयोध्या में किये ये विकास कार्यों की विस्तार से चर्चा किया।
इसके पूर्व कोरिया की प्रथम महिला किम जोंग-सूक व मुख्मयंत्री योगी आदित्यनाथ महारानी हो के स्मारक पर गये और 24.66 करोड़ से निर्मित होने वाले कोरिया पार्क का शिलान्यास किया। कोरिया की प्रथम महिला ने अपने सम्बोधन में कहा कि कोरिया गणतंत्र आज दीप पर्व में शामिल हो रहा है जिससे हमें खुशी हो रही है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने दीपोत्सव में हमें आमंत्रित किया इसके लिए हम उनके प्रति आभार व्यक्त करते हैं। अयोध्या में महारानी हो के स्मारक पर जाकर हमें 2000 साल पहले की स्मृतियां जाता हो गयीं उन्होंने कोरिया के युवराज किम सूरो के साथ विवाह किया हमारा प्रेम सम्बंधों में विश्वास है इसी जुड़ाव को लेकर हम भारत आये हैं। उन्होंने कहा कि अंधेरे को प्रकाश जीत सकता है यह कोरिया का महान नारा है अन्याय को पराजित करने के लिए हमें एक होना होगा। इस विचारधारा से भारत के राष्ट्रपिता महात्मा गांधी भी प्रभावित थे। मै और आप मिलकर अंधकार कितना भी गहरा हो को दूर कर सकते हैं। हम कामना करते हैं कि आज जो दीप प्रकाशित हो रहे हैं उससे हर घर में महा लक्ष्मी का प्रकाश मिले। यह त्योहार पूरे विश्व को आशा का संदेश देने वाला है। इसके पूर्व प्रदेश के राज्यपाल राम नाईक ने भी सम्बोधित किया उन्होंने दीपोत्सव के महत्व पर प्रकाश डाला। इसके अलावां केन्द्रीय जनरल वी.के. सिंह ने भी सम्बोधित किया।

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