मासूम की इज्ज़त लूट हत्या करने वाले को मिली मौत की सजा

फैजाबाद । आठ साल की मासूम बच्ची की इज्ज़त को तार तार कर उसकी निर्मम ह्त्या करने का पाप करने वाले निर्दयी युवक को आखिरकार कोर्ट ने दोषी करार देते हुए फांसी की सज़ा सुनाई है .फैजाबाद जिले के ग्रामीण क्षेत्र इनायतनगर में पांच साल पहले हुई नाबालिग मासूम छात्रा के साथ रेप व हत्या के मामले में फास्ट ट्रैक प्रथम कोर्ट ने आरोपी को फांसी की सज़ा सुनाई है ये शर्मनाक घटना आज से करीब पांच साल पहले 29 जनवरी 2013 का है. जिसमे फैजाबाद जिले के थाना इनायतनगर क्षेत्र के गोरवा गांव में पड़ोसी गांव के एक युवक ने स्कूल से लौट रही कक्षा तीन की छात्रा को अगवा कर पहले उस मासूम बच्ची के साथ गन्ने के खेत में दुष्कर्म किया उसके बाद भेद खुल जाने और पकडे जाने के भय से उसी गन्ने के खेत में उस मासूम की हत्या कर दी और शव को छोड़कर फरार हो गया था .मिली जानकारी के मुताबिक़ फैजाबाद जिले के ग्रामीण क्षेत्र थाना इनायतनगर इलाके के गोरवा गांव में 29 जनवरी 2013 को कक्षा 3 में पढ़ने वाली मासूम छात्रा स्कूल बंद होने के बाद भी जब घर नहीं लौटी तो घरवाले परेशान हुए और ढूंढते-ढूंढते हताश होकर पुलिस को सूचना दी. उसी दिन रात में लगभग 7:30 बजे मासूम छात्रा का शव गन्ने के खेत से बरामद हुआ. पुलिस की पूछताछ में पता चला कि आखरी बार वारदात की शिकार हुई छात्रा को इस मामले में आरोपी बनाए गए युवक गोविंद पासी के साथ देखा गया था. शक के आधार पर पुलिस ने दूसरे दिन ही गोविंद पासी को गिरफ्तार कर लिया था और मासूम बच्ची के साथ जबरन बलात्कार और बच्ची की निर्मम हत्या के आरोप में गोविन्द पासी को जेल भेज दिया गया था .वारदात की शिकार हुई मासूम छात्रा के चाचा और पड़ोसी की गवाही पर फास्ट ट्रैक कोर्ट के न्यायाधीश भागीरथी वर्मा ने अभियुक्त गोविंद पासी को हत्या के मामले में दोषी करार देते हुए फांसी की सजा व 20 हज़ार रुपये अर्थदंड दिया है . वहीँ दुष्कर्म के मामले में आजीवन कारावास व 20 हज़ार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है क्त गोविंद पासी को हत्या के मामले में फांसी की सजा व 20 हज़ार रुपये जुर्माना।दुष्कर्म के मामले में आजीवन कारावास व 20 हज़ार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More