-मरीजों की बेहतर देखभाल के निर्देश
अयोध्या। जिला चिकित्सालय में कुछ दिन पहले सर्पदंश के एक मरीज की मौत के बाद चिकित्सा व्यवस्था की समीक्षा के लिए बुधवार को महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में बीएसटी पर मरीज का सही ढंग से डायग्नोसिस दर्ज न किए जाने के मामले को गंभीरता से लेते हुए मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राजेश सिंह ने सभी ईएमओ और फार्मासिस्टों को तलब किया। बैठक में चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अजय चौधरी, डॉ. विपिन वर्मा और डॉ. मो. अकरम भी मौजूद रहे।
सीएमएस ने ईएमओ को कड़ी फटकार लगाते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि मरीजों के उपचार में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि बीएसटी पर मरीज की बीमारी, जांच और उपचार संबंधी सभी विवरण सही एवं स्पष्ट रूप से दर्ज किए जाएं, ताकि इलाज में किसी प्रकार की भ्रम की स्थिति न बने। साथ ही मरीजों की बेहतर देखभाल और समय पर उचित उपचार सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। बैठक के दौरान उस समय माहौल कुछ गर्म हो गया, जब चिकित्सा अधीक्षक अस्पताल में हाल ही में आई दो कुर्सियों की गुणवत्ता और कंपनी की जांच करने लगे। निरीक्षण में कुर्सियां स्थानीय कंपनी की मिलीं, जिस पर भी चर्चा हुई।
इसी दौरान चिकित्सकों ने फार्मासिस्टों के लिए अलग कक्ष की व्यवस्था किए जाने की मांग उठाई। उनका कहना था कि वर्तमान में फार्मासिस्टों के ईएमओ कक्ष में बैठने से कार्य प्रभावित होता है। इसलिए उनके लिए अस्पताल परिसर में अलग कक्ष उपलब्ध कराया जाए, जिससे चिकित्सकीय कार्य सुचारु रूप से संचालित हो सके। बैठक में इस मांग पर भी विचार करने का आश्वासन दिया गया। इस दौरान ईएमओ में डॉ.आशुतोष सिंह, डॉ. वीरेंद्र वर्मा व अन्य मौजूद रहे।