-करोड़ों की लागत से बने 13 किमी राम पथ की गुणवत्ता पर उठे सवाल
अयोध्या। करोड़ों रुपये की लागत से राज्य सरकार द्वारा बनवाए गए 13 किलोमीटर लंबे राम पथ की गुणवत्ता एक बार फिर सवालों के घेरे में है। अमानीगंज जलकल विभाग के पास राम पथ का एक हिस्सा धंस गया है। सीवर लाइन में बड़ा होल हो जाने से सड़क बीच से बैठ गई।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि राम पथ का निर्माण घटिया सामग्री से किया गया है, जिसके कारण यह बार-बार धंस रहा है। इससे पहले भी राम पथ कई स्थानों पर धंस चुका है। हर बार मरम्मत के बाद कुछ दिनों में ही सड़क फिर बैठ जाती है। लगातार हो रही इन घटनाओं के बाद राम पथ के निर्माण कार्य में भ्रष्टाचार के आरोप लग रहे हैं। लोगों का कहना है कि इतनी बड़ी लागत के बावजूद सड़क का टिकाऊ न होना गंभीर लापरवाही और भ्रष्टाचार की ओर इशारा करता है। राम पथ अयोध्या का प्रमुख मार्ग है।
राम मंदिर तक पहुंचने वाले लाखों श्रद्धालु इसी मार्ग का प्रयोग करते हैं। बार-बार सड़क धंसने से आवागमन बाधित हो रहा है और श्रद्धालुओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय व्यापारियों का भी कहना है कि इससे उनकी दुकानदारी प्रभावित हो रही है। नागरिकों और सामाजिक संगठनों ने राज्य सरकार से राम पथ निर्माण कार्य की उच्चस्तरीय जांच कराने और दोषी ठेकेदार व अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है। लोगों ने कहा कि करोड़ों रुपये खर्च होने के बाद भी यदि सड़क सुरक्षित नहीं है तो यह जनता के पैसे की बर्बादी है। फिलहाल प्रशासन ने धंसे हुए हिस्से के चारों ओर बैरिकेडिंग कर दी है और मरम्मत कार्य शुरू करने की बात कही है।