अयोध्या। रामजन्मभूमि परिसर की सुरक्षा व्यवस्था में तैनात एसएसएफ जवान 30 वर्षीय अमित यादव की गुरुवार रात अचानक तबीयत बिगड़ने से मौत हो गई। प्रारंभिक तौर पर मौत का कारण हार्ट अटैक होने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, मौत के वास्तविक कारण की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी।
अमित यादव मूल रूप से थाना तारुन क्षेत्र के मुगीसपुर गांव के निवासी थे तथा गोण्डा जनपद में तैनात थे और वर्तमान में उनकी ड्यूटी अयोध्या में रामजन्मभूमि परिसर की सुरक्षा व्यवस्था में लगी हुई थी। बताया गया कि गुरुवार रात अचानक उनकी तबीयत बिगड़ी, जिसके बाद उनकी मौत हो गई। शुक्रवार को पुलिस ने पोस्टमार्टम की कार्रवाई पूरी कराई। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस जवान अमित यादव का शव लेकर उनके पैतृक गांव मुगीसपुर पहुंची। शव गांव पहुंचते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल रहा।
वृद्ध की मौत, हाईवे किनारे मिला शव
अयोध्या। शुक्रवार को जिला अस्पताल ले जाने पर डॉक्टर ने एक वृद्ध को मृत घोषित किया है। वही लखनऊ हाईवे पर एक अधेड़ का शव मिला है। अस्पताल प्रशासन के मेमो पर पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया है। जिला अस्पताल प्रशासन का कहना है कि नगर कोतवाली क्षेत्र के लालबाग मोहल्ला निवासी 60 वर्षीय राधेश्याम यादव पुत्र स्वर्गीय पंचू लाल को उसकी पुत्री प्रिया पाल लेकर जिला अस्पताल आई थी। इमरजेंसी ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक ने परीक्षण के बाद उसको मृत घोषित कर दिया।
वही 108 एंबुलेंस का एमटी उदय प्रताप एक 55 वर्षीय शख्स को लेकर जिला अस्पताल पहुंचा तो इमरजेंसी ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक ने उसका परीक्षण किया। परीक्षण में पता चला कि अधेड़ की पहले ही मौत हो चुकी है। वह लखनऊ हाईवे पर कैंट थाना क्षेत्र में कोट सराय इलाके के त्रिलोकी नाथ होटल के सामने मिला था। दोनों शवों को मोर्चरी में रखवा पोस्टमार्टम के लिए मेमू नगर कोतवाली पुलिस को भिजवाया गया है। अधेड़ मृतक की अभी पहचान नहीं हो पाई है।
सरयू नदी में मिला अज्ञात शव, पहचान के लिए 72 घंटे रखा जाएगा
अयोध्या। सरयू नदी में शुक्रवार सुबह एक अज्ञात शव मिलने से हड़कंप मच गया। नए सरयू पुल के बगल श्मशान घाट क्षेत्र में करीब 10 बजे नदी में शव मिलने की सूचना पर मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। सूचना मिलने के बाद जिला प्रशासन और संबंधित पुलिस टीम ने शव को नदी से बाहर निकलवाकर कब्जे में लिया। शव की तत्काल पहचान नहीं हो सकी।
इसके बाद प्रशासन ने शव को पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया ळें प्रशासन के अनुसार, शव को 72 घंटे तक पोस्टमार्टम हाउस में सुरक्षित रखा जाएगा, ताकि उसकी पहचान कराई जा सके। पुलिस आसपास के क्षेत्रों में भी शव की पहचान के प्रयास कर रही है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि यदि कोई व्यक्ति शव की पहचान कर सकता है या उसके संबंध में कोई जानकारी रखता है तो तत्काल संबंधित पुलिस अथवा प्रशासन को सूचना दे। पहचान होने के बाद परिजनों को इसकी जानकारी दी जाएगी।