-आरोपी अविनाश शुक्ला की निशानदेही पर ब्रेजा कार बरामद
अयोध्या। राम मंदिर चढ़ावा गबन प्रकरण की जांच में गठित स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (एसआईटी) दूसरे दिन शुक्रवार को भी सक्रिय रही। टीम ने मंदिर परिसर पहुंचकर मामले की जांच आगे बढ़ाई। सूत्रों के अनुसार, एसआईटी ने इस दौरान गोपाल राव से पूछताछ की और मामले से जुड़े विभिन्न बिंदुओं पर जानकारी जुटाई।
उधर, शुक्रवार सुबह पुलिस अयोध्या जिला जेल पहुंची और न्यायालय से अनुमति मिलने के बाद मुख्य आरोपी अविनाश शुक्ला को कस्टडी में लेकर पुलिस लाइन लाई। यहां उसका मेडिकल परीक्षण कराने के बाद करीब दो घंटे तक गहन पूछताछ की गई। पूछताछ के बाद पुलिस उसे लेकर प्रतापगढ़ के लिए रवाना हो गई।
पूछताछ के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि अविनाश शुक्ला ने चढ़ावे में प्राप्त सोने-चांदी के आभूषण और नकदी अलग-अलग स्थानों पर ठिकाने लगाए हैं। इसी कड़ी में पुलिस टीम उसे अयोध्या के कौशलपुरी स्थित उसके योगा सेंटर भी लेकर पहुंची, जहां पूछताछ के साथ मामले से जुड़े तथ्यों और साक्ष्यों का सत्यापन किया गया। पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में योगा सेंटर का निरीक्षण किया गया और सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए।
पुलिस ने आरोपी अविनाश शुक्ला की निशानदेही पर अयोध्या के कौशलपुरी क्षेत्र से ब्रेजा कार (यूपी-42 एपी-6054) बरामद की है। पुलिस के अनुसार, करीब एक वर्ष पहले खरीदी गई इस कार का इस्तेमाल कथित तौर पर नकदी के आवागमन में भी किया जाता था। प्रतापगढ़ निवासी अविनाश शुक्ला राम मंदिर में चढ़ावे की गिनती का कार्य करता था और अयोध्या में किराये के मकान में रहता था। पूर्व में उसके कमरे से लगभग 20 लाख रुपये नकद, एक हजार अमेरिकी डॉलर, सोने-चांदी के आभूषण तथा ‘रामराज्य कोष’ लिखा एक बक्सा बरामद किया जा चुका है।
अयोध्या विकास प्राधिकरण (एडीए) ने चढ़ावा प्रकरण के अन्य आरोपियों लवकुश मिश्रा और अनुकल्प मिश्रा के निर्माणाधीन मकानों के विरुद्ध कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है। एडीए ने लवकुश मिश्रा की पत्नी सुप्रिया मिश्रा के नाम नोटिस जारी किया है। हालांकि, सुप्रिया मिश्रा ने दावा किया है कि उन्हें कोई नोटिस प्राप्त नहीं हुआ है। उनका कहना है कि मकान का नक्शा विधिवत स्वीकृत है। उन्होंने कहा, “हमारी भगवान से यही प्रार्थना है कि मेरे पति सकुशल घर लौट आएं।” फिलहाल एसआईटी और पुलिस की जांच जारी है तथा मामले में नए साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।