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अवध विवि में सीबीसीएस पैटर्न पर पाठ्यक्रम बनाने की संस्तुति

कुलपति की अध्यक्षता में हुई विद्या परिषद की बैठक

अयोध्या। डॉ राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय के कौटिल्य प्रशासनिक भवन के सभागार में कुलपति प्रो0 मनोज दीक्षित की अध्यक्षता में विद्या परिषद् की बैठक आहूत की गयी। बैठक में कुलपति प्रो0 मनोज दीक्षित ने विश्वविद्यालय में चल रहे विभिन्न पाठ्यक्रमों में च्वाइस्ड बेस्ड क्रेडिट सिस्टम (सी0बी0सी0एस0) पैटर्न पर पाठृयक्रम बनाने हेतु एक कमेटी बनाने की संस्तुति दी। सम्बद्ध महाविद्यालयों का आह्वान करते हुए कहा कि देश की शिक्षा व्यवस्था से जुड़े रहने के लिए महाविद्यालयों को भी सी0बी0सी0एस0 पैटर्न अपनाना चाहिए। नहीं तो वे शिक्षा के मूल धारा से अलग-थलग पड़ जायेंगे। आवासीय परिसर में संचालित समस्त सेमेस्टर पाठ्यक्रमों में सत्र 2019-20 से सम्पन्न होने वाली परीक्षाओं में सम्पूर्ण पारदर्शिता को दृष्टिगत रखते हुए प्रत्येक सेमेस्टर की परीक्षा को दो भागों में क्रमशः मिड सेमेस्टर एवं इंड सेमेस्टर में विभक्त कर परीक्षायें कराने जाने पर विचार किया गया। परीक्षा समिति ने यह निर्णय लिया कि मिड सेमेस्टर परीक्षा में पाठ्यक्रम के प्रत्येक प्रश्न-पत्र का 70 प्रतिशत भाग सैद्धांतिक प्रश्नों के साथ छात्रों को उत्तर देने के लिए दिया जायेगा। वही मूल्यांकन के उपरांत उत्तर पुस्तिकाएं छात्र-छात्राओं को दिखाई जायेगी। मिड परीक्षा के प्रश्न-पत्रों का निर्माण तथा मूल्यांकन पूर्णतया आंतरिक होगा। इसी क्रम में इंड सेमेस्टर में प्रश्न-पत्रों से सम्बन्धित सम्पूर्ण पाठ्यक्रम पर आधारित 50 प्रश्नों के बहुविकल्पीय प्रश्न ओ0एम0आर0 के माध्यम से पूछे जायेंगे। प्रश्न-पत्रों के पूर्णांक 100 अंकों के सापेक्ष दोनो ही परीक्षाएं 50-50 अंकों की होगी।
बैठक में लिये गये अन्य निणयों में कला संकाय के अर्न्तगत सिंन्धी भाषा के अर्न्तगत संचालित पाठ्यक्रमों के संचालन की सैद्धांतिक सहमति एवं डॉ0 श्रीमती प्रियंका सिंह द्वारा उनके पति स्व0 डॉ0 प्रदीप कुमार सिंह के नाम पर परास्नातक पाठ्यक्रम राजनीति विज्ञान विषय में सर्वाधिक अंक पाने वाले छात्र-छात्राओं को पदक प्रदान किये जाने हेतु प्रस्तुत आवेदन पर विचार किया गया। समिति के निर्णय में शिक्षा संकाय बी0एड0 एम0एड0 पाठ्यक्रम की सैद्धांतिक परीक्षा में एक अंक का श्रेणी कृपांक दिये जाने पर निर्णय लिया गया। किसान पी0जी0 कालेज बहराइच को विश्वविद्यालय अनुदान आयोग द्वारा एन0एच0क्यू0एफ0 योजना के अर्न्तगत स्वीकृत पाठ्यक्रम के सम्बन्ध में निर्णय लिया गया। विश्वविद्यालय के इंस्टीट्यूट ऑफ अर्थ साइंसेस के एम0एस0सी0 जियोलॉजी, जियोग्राफी, रिमोट सेसिंग एवं जी0आई0एस0पी0जी0 डिप्लोमा के पाठ्यक्रमों में संशोधित नियमावली एवं अध्यादेश के विन्दुओं पर विचार किया गया। व्यवसाय प्रबन्धन एवं उद्यमिता विभाग के अर्न्तगत प्रस्तावित द्विवर्षीय चार सेमेस्टर एम0बी0ए0 टूरिज्म एवं एम0बी0 हॉस्पिटलिटी मैनेजमेंट पाठ्यक्रमों के संचालन हेतु निर्णय लिया गया। बी0बी0ए0 पाठ्यक्रम के षष्टम सेमेस्टर में वैट एवं सर्विस टैक्स के स्थान पर जी0एस0टी0 पाठ्यक्रम का संशोधित कर दिया गया है। एम0बी0ए0 एग्री बिजनेस के विन्दुओं पर विचार किया गया।
बैठक में प्रति कुलपति प्रो0 एस0 एन0 शुक्ल, कुलसचिव रामचन्द्र अवस्थी, प्रो0 आर0एन0 राय, प्रो0 के0के0 वर्मा, प्रो0 अशोक शुक्ल, प्रो0 एम0पी0 सिंह, प्रो0 एस0के0 रायजादा, प्रो0 अनुपम श्रीवास्तव, प्रो0 एन0के0 तिवारी, प्रो0 आर0के तिवारी, प्रो0 आशुतोष सिन्हा, डॉ0 त्रिभुवन शुक्ल, प्रो0 मृदुला मिश्रा, प्रो0 चयन कुमार मिश्र, प्रो0 राजीव गौड़, प्रो0 जसवंत सिंह, प्रो0 एस0एस0 मिश्र, प्रो0 फारूख जमाल, प्रो0 नीलम पाठक, प्रो0 सिद्धार्थ शुक्ल, प्रो0 अनुप कुमार, प्रो0 विनोद श्रीवास्तव, डॉ0 शोभनाथ यादव, डॉ0 राजेश कुमार सिंह, डॉ0 आर0के0 सिंह, डॉ0 प्रणय कुमार त्रिपाठी, डॉ0 धमेन्द्र कुमार शुक्ला, डॉ0 हेमन्त कुमार सिंह, डॉ0 अभय कुमार श्रीवास्तव, डॉ0 अजय मोहन श्रीवास्तव, डॉ0 आदित्य नरायण त्रिपाठी, डॉ0 राजेन्द्र प्रसाद पाण्डेय, डॉ0 पूनम, डॉ0 कल्पना, डॉ0 जितेन्द्र सिंह, डॉ0 एल0के0 मिश्र उपस्थित रहे।

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