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अग्निवीर जवानो का तीसरा बैच देश की सेवा को तैयार, परेड में दी सलामी

-31 सप्ताह की कठोर ट्रेनिंग देकर देश सेवा के लिए किया गया तैयार


अयोध्या। भारतीय सेना के सबसे पुरानी रेजिमेंट में से एक डोगरा रेजिमेंट के अग्निवीर जवानों के तीसरे बैच ने अपनी ट्रेनिंग पूरी कर ली। 337 अग्निवीर जवानों के इस दल को पासिंग आउट परेड के बाद मंगलवार को विधिवत भारतीय सेना में शामिल होने के लिए हरी झंडी मिल गयी। बुधवार को इन सभी को उत्तर भारत व् उतर पूर्वी राज्यों की बिभिन्न यूनिटों में तैनाती के लिए रवानगी दे दी जाएगी।

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नवंबर में शुरू हुयी अग्निवीर जवानों को 31 सप्ताह की कठोर ट्रेनिंग देकर देश सेवा के लिए तैयार किया। अग्निवीर आकाश ने परेड का नेत्रित्व किया इसके पहले अयोध्या में स्थित डोगरा रेजिमेंटल सेंटर में मंगलवार को सुबह 8 बजे आयोजित एक समारोह में 337 अग्निवीरों ने फुल ड्रेस पासिंग आउट परेड में परम्परागत रूप से मुख्य अतिथि मेजर जनरल एस एच नकवी ने उत्साह वर्धन किया। पूरे कोर्स के दौरान अच्छा प्रदर्शन कर अग्निवीर अमंजित ने गोल्ड मैडल हासिल किया। सैनिकों को गर्व और समर्पण के साथ देश की सेवा करने और भारतीय सेना के मूल्यों को बनाये रखने का पाठ पढाया गया।

मंगलवार को जेमेदार लाला परेड ग्राउंड में अग्निवीर आकाश के नेत्रित्व में ओपचारिक परेड में अग्निवीरों ने पवित्र अंतिम पथ द्वार के माध्यम से उत्साह व जोश से मार्च किया। परेड की समीक्षा मेजर जनरल एस एच नकवी द्वारा की गयी। इस दौरान ब्रिगेडियर के रंजीव सिंह, वाई एस एम् डोगरा रेजिमेंटल सेंटर, समेत अन्य सैन्य अधिकारी, जे.सी.ओ, जवान व उनके परिजन मौजूद रहे। अग्निवीरो को शारीरिक फिटनेस, हथियार संचालन, सामरिक प्रशिक्षण दिया गया। इस कोर्स में पास आउट होने वाले अग्निवीरो की ओसतन आयु साढ़े उन्नीस वर्ष रही।

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भारतीय सेना में शामिल हो गये 337 अग्निवीर


-डोगरा रेजिमेंटल सेंटर में मंगलवार को आयोजित परेड के दौरान 337 अग्निवीर सफलता पूर्वक सेना में शामिल हो गये। परेड ग्राउंड में अग्निवीर आकाश के नेत्रित्व में 337 अग्निवीरों ने पवित्र अन्तिम पथ द्वार के माध्यम से मार्च किया। परेड की समीक्षा मेजर जनरल एस एच नकवी ने की। इस दौरान डोगरा रेजिमेंटल सेंटर के कमांडेंट ब्रिगेडियर के रंजीव सिंह वाई एस एम्, समेत अन्य सैन्य अधिकारी, जेसीओ, जवान व उनके परिजन मौजूद रहे। अग्निवीरों को 31 सप्ताह तक कठोर प्रशिक्षण से गुजरना पड़ा, जिसमें शारीरिक फिटनेस, हथियार संचालन और सामरिक प्रशिक्षण शामिल था।

परेड के जरिये सैनिको के कौशल और क्षमताओं का प्रदर्शन हुआ। उन्होंने एक साथ मार्च किया और हथियारों को संभालने में अपनी दक्षता का प्रदर्शन किया। पूरे कोर्स के दौरान अच्छा प्रदर्शन कर अग्निवीर अमंजित ने गोल्ड मैडल हासिल किया। युवा सैनिको ने गर्व और समर्पण के साथ देश की सेवा करने और भारतीय सेना के मूल्यों को बनाये रखने की शपत ली।

ब्रिगेडियर के रंजीव सिंह, वाई एस एम् ने बताया की ये कार्यक्रम डोगरा रेजिमेंटल सेंटर के लिए गर्व का क्षण था क्यूंकि तीसरा अग्निवीर कोर्स डोगरा रेजिमेंट और भारतीय सेना में शामिल किया गया । कहा की डोगरा रेजिमेंटल सेंटर का देश सेवा का गौरवशाली इतिहास रहा है। पासिंग आउट परेड भारतीय सेना के लिए सर्वोत्तम सैनिकों को प्रशिक्षित करने और तैयार करने के प्रति डोगरा सेंटर की प्रतिभ्धता का प्रमाण है।

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