-प्रमुख सचिव ने अधिकारियों के साथ कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में की समीक्षा बैठक
अयोध्या।प्रमुख सचिव पशुपालन, मत्स्य एवं दुग्ध विकास विभाग उत्तर प्रदेश शासन, मुकेश कुमार मेश्राम का शनिवार को जनपद के प्रस्तावित कार्यक्रम के तहत सर्किट हाउस में आगमन हुआ, जहां उनका स्वागत मंडलायुक्त राजेश कुमार, जिलाधिकारी निखिल टीकाराम फुंडे, मुख्य विकास अधिकारी कृष्ण कुमार सिंह सहित अन्य अधिकारियों ने किया।
प्रमुख सचिव निर्धारित कार्यक्रम के तहत सर्किट हाउस के बाद कलेक्ट्रेट सभागार पहुंचे, जहां उन्होंने अयोध्या मण्डल के सभी जिलों में निराश्रित गोवंश संरक्षण हेतु संचालित गो आश्रय स्थलों के संचालन, प्रबन्धन तथा संरक्षित गोवंश के भरण-पोषण व पराली संग्रहण के पर्यवेक्षण एवं मूल्यांकन, जनपदों में एलएसडी बीमारी का संक्रमण/नियंत्रण तथा दुग्ध समितियों के गठन एवं संचालन की स्थिति की समीक्षा की गई। प्रमुख सचिव ने समीक्षा करते हुये कहा कि निराश्रित गौआश्रय स्थल व निराश्रित गौवंशों के सम्बंध में प्राप्त शिकायतों का गुणवत्ता पूर्ण व समयबद्व निस्तारण प्राथमिकता पर किया जाय। उन्होंने कहा कि निराश्रित गौवंश के लिए पर्याप्त मात्रा में पशु आहार की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए इसके लिए जनपद स्तरों पर सही समय पर भूसे की खरीद, हरे चारे के लिए चारागाहों की भूमियों पर मनरेगा के माध्यम से बायोफेंसिंग कराते हुये हरे चारे की उपलब्धता को संरक्षित किये जाय।
प्रमुख सचिव य ने समीक्षा करते हुये मुख्य विकास अधिकारियों से कहा कि गौवंशों के विकास को 2047 विकसित भारत के लक्ष्य के अनुरूप निर्धारित करते हुये कार्ययोजना तैयार करें। इसके साथ ही पशुपालन के अन्तर्गत बकरी पालन, भेड़ पालन, पोल्ट्री फार्मी, मत्स्य पालन आदि को प्रोत्साहित करें तथा आजीविका मिशन के माध्यम से बढ़ावा दें। उन्होंने मुख्य विकास अधिकारी अयोध्या द्वारा गौवंशों के सुरक्षा एवं देखभाल के लिए गौआश्रय स्थलों पर लगाये गये निगरानी कैमरें एवं उसकी नियमित मॉनीटरिंग के कार्य की प्रशंसा करते हुये इसकी रूपरेखा तैयार कर प्रेषित करने के निर्देश दिये, जिससे इसको प्रदेश स्तर पर लागू किया जा सकें।
उन्होंने कहा कि पशु चिकित्सालय व पशु सेवा केन्द्रों/भवनों के जीर्णोद्वार का कार्य विभिन्न निधियों से कराया जाय तथा पशुधन ऐप पर की जा रही टीकाकरण की जानकारी समय पर अपलोड करें तथा सभी सम्बंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें। उन्होंने कहा कि बीमार व जख्मी पशुओं की सहायता के लिए जारी हेल्पलाइन नम्बर 1962 का व्यापक रूप से प्रचार प्रसार कराया जाय और सभी तहसील, पंचायत एवं ग्राम स्तरों पर सम्बंधित को इसके विषय में जानकारी दी जाय।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारीगण बाराबंकी अन्ना सूतन, अमेठी सचिन कुमार सिंह, अम्बेडकरनगर आनन्द कुमार शुक्ला, अयोध्या कृष्ण कुमार सिंह, सुल्तानपुर अंकुर कौशिक, अपर निदेशक डा. ए0के0 अवस्थी, अपर निदेशक मुख्यालय डा0 संजय श्रीवास्तव, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी अयोध्या डा0 इन्द्रदेव, जिला पंचायती राज अधिकारी अविनाश सहित मण्डल के मुख्य चिकित्सा अधिकारी, उप मुख्य चिकित्साधिकारी आदि उपस्थित रहे।