-व्यापार मंडल ने सांसद आवास पर दिया ज्ञापन
अयोध्या। छोटे और फुटकर व्यापारियों के हितों की रक्षा को लेकर उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल ने प्रधानमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन सौंपा। यह ज्ञापन अवधेश प्रसाद के अयोध्या स्थित आवास पर उनके प्रतिनिधि को दिया गया। जिला अध्यक्ष कवींद्र साहनी के नेतृत्व में पहुंचे व्यापारियों ने ऑनलाइन ई-कॉमर्स के अनियंत्रित विस्तार पर सख्त कानून बनाने की मांग की। ज्ञापन में कहा गया कि ऑनलाइन व्यापार के असंतुलित विस्तार से देश के छोटे और मध्यम व्यापारियों का कारोबार गंभीर रूप से प्रभावित हुआ है। वर्षों से स्थानीय अर्थव्यवस्था की रीढ़ रहे दुकानदार आज अस्तित्व के संकट से जूझ रहे हैं।
व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने तर्क दिया कि असमान प्रतिस्पर्धा, भारी डिस्काउंटिंग और मजबूत लॉजिस्टिक नेटवर्क के कारण पारंपरिक बाजारों की बिक्री में लगातार गिरावट आ रही है। उनका कहना है कि ई-कॉमर्स कंपनियों के लिए स्पष्ट और कड़े नियमन की आवश्यकता है, ताकि कर ढांचे में समानता सुनिश्चित हो सके और स्थानीय व्यापारियों को प्रतिस्पर्धी अवसर मिल सकें।
व्यापारियों ने सरकार से उपभोक्ता संरक्षण के साथ-साथ स्थानीय दुकानों को प्रोत्साहन देने वाली नीतियां बनाने का आग्रह किया। उनका मानना है कि संतुलित नीति से ही रोजगार के अवसर सुरक्षित रहेंगे और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। ज्ञापन सौंपने के दौरान जिला महामंत्री रमेश चौरसिया, महानगर महामंत्री प्रेमनाथ राय, राजेश मित्तल, अजय मिश्रा, युवा जिला अध्यक्ष सौरभ सरीन, महामंत्री रवि गुप्ता, अंकित जैन, रमेंद्र मोहन मिश्रा, रणजीत सोनकर, विष्णु कुमार, देवेंद्र कुमार ‘कुक्कू’, विनय कुमार पांडे, अरुण साहू, रामजी और मनोज रस्तोगी सहित अन्य व्यापारी उपस्थित रहे। रामनगरी में पर्यटन और विकास परियोजनाओं के विस्तार के बीच स्थानीय बाजारों की भूमिका और भी महत्वपूर्ण हो गई है।
व्यापार मंडल का कहना है कि तीर्थनगरी में बढ़ते आवागमन का व्यापक लाभ तभी मिल सकेगा, जब स्थानीय व्यापार को समुचित संरक्षण और समान प्रतिस्पर्धी वातावरण उपलब्ध कराया जाएगा।