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फिल्मी रामलीला मंचन के लिए हुआ हुआ भूमि पूजन

-रामलला की कृपा से रुपहले पर्दे के स्टार हमारे बीच : ब्रजेश पाठक

अयोध्या। रामनगरी अयोध्या के लक्ष्मण किला के प्रांगण में फिल्मी कलाकारों की ओर से होने वाली रामलीला मंचन के मंच निर्माण के लिए वैदिक मंत्रोच्चार के बीच भूमि पूजन किया गया। इस भूमि पूजन में मुख्य अतिथि के रुप में पहुंचे प्रदेश के कानून मंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि रामलला की कृपा है कि जिन सिने स्टार को रुपहले पर्दे पर देखने के लिए लालायित होते हैं, वह सभी फिल्म स्टार अयोध्या आना चाहते हैं। उन्होंने इस आयोजन के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व संस्कृति एवं पर्यटन राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार डा. नीलकंठ को साधुवाद देते हुए कहा कि इतने बड़े आयोजन के कारण पूरी दुनिया में भगवान राम का संदेश पहुंचा।

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कानून मंत्री पाठक ने कहा कि पिछली बार विश्व के 16 करोड़ दर्शकों ने रामलीला मंचन को देखा था। इस बार यह रिकार्ड टूटेगा। एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि यह सत्य है कि भगवान राम सबके हैं और उनका दरबार भी सबके लिए खुला है लेकिन भगवान को यह भी मालूम है कि कौन उनका भक्त है और किसने उनके भक्तों पर गोलियां चलवाई थी। उन्होंने कहा कि एक समय था जब वोटबैंक के लिए लोग भगवान का नाम लेने से डरते थे लेकिन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की ओर से रामजन्मभूमि में भूमि पूजन के बाद सभी राजनीतिक दलों का समीकरण बदल गया है और अब लोग रामलला के दरबार में हाजिरी लगाने को बेताब हैं। उन्होंने कानून व्यवस्था को लेकर दिल्ली के उपमुख्यमंत्री के आरोपों को नकारते हुए कहा कि अब तक की सभी सरकारों के कार्यकाल के मुकाबले प्रदेश की कानून व्यवस्था सबसे अच्छी है। उन्होंने कहा कि कोरोना काल में किसने जनता के बीच काम किया और कौन बरसाती मेढक बनकर आया है, यह समय आने पर पता चल जाएगा।

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भूमि पूजन के मौके पर आयोजन समिति के अध्यक्ष सुभाष मलिक बाबी ने बताया कि संतों के आर्शीवाद से इस बार भी वर्चुअल रीति से रामलीला मंचन किया जाएगा। छह अक्तूबर से आयोजित होने वाली रामलीला के लिए भव्य सेट का निर्माण किया जाना है जिसके लिए भूमि पूजन किया गया है। उन्होंने बताया कि पिछली बार 14 भाषाओं में अनुवादित रामलीला का प्रदर्शन किया गया था। इस बार 26 भाषाओं में रामलीला प्रदर्शित की जाएगी। उन्होंने अपेक्षा जताई कि इस बार रामलीला के दर्शकों की संख्या पिछले के मुकाबले दोगुना होगी।

राजनीतिक दल के नेताओं की तरह साधु-संत भी लगातार अपनी भूमिकाओं से जनमानस को चौंका रहे हैं। फिल्मी कलाकारों की रामलीला मंचन के लिए मंगलवार को लक्ष्मण किला के प्रांगण में भूमि के अवसर पर जानकी घाट के महंत जन्मेजय शरण की मौजूदगी ने सभी को आश्चर्य में डाल दिया। वह एक तरफ बड़ा भक्तमाल में आयोजन का पुरजोर विरोध कर रहे थे तो दूसरी ओर आयोजन में शिरकत भी करते दिखे। फिलहाल इस मौके पर अखाड़ा परिषद के पूर्व अध्यक्ष महंत ज्ञानदास के उत्तराधिकारी महंत संजय दास व लक्ष्मण किलाधीश महंत मैथिली रमण शरण के अतिरिक्त सांसद लल्लू सिंह, विधायक वेदप्रकाश गुप्त व रामलीला आयोजन समिति के पदाधिकारी गण भी मौजूद थे।

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